बैशाखी के सहारे पहुंचे गुरनाम सिंह चढूनी ने इस दौरान किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि यह डील किसी भी स्तर पर लागू नही होने दी जाएगी। यह डील लागू हुई तो देश के किसान का विनाश तय हो जाएगा। न खेती बचेगी न ही किसानी। अमेरिका के दबाव में प्रधानमंत्री मोदी देश के किसानों को ही दांव पर लगा रहे हैं लेकिन यह नहीं होने दिया जाएगा। किसानी व खेती को बचाने के लिए आंदोलन और तेज भी किया जाएगा। आज पूरे देश भर में प्रतिनिधिमंडल के विरोध में पुतले जलाए गए हैं जबकि आंदोलन और भी मजबूती से चलाए जाने पर विचार किया जा रहा है। किसानों को प्रदेशाध्यक्ष कर्म सिंह मथाना, जिलाध्यक्ष कृष्ण कलाल माजरा, राकेश बैंस, जसबीर सिंह मामू माजरा सहित अन्य नेताओं ने भी संबोधित कर जोश भरा।

ट्रेड डील को लेकर अमेरिका से आए प्रतिनिधिमंडल के विरोध में वीरवार को किसान सड़क पर उतर आए। भारतीय किसान यूनियन चढूनी गुट ने प्रतिनिधिमंडल का पुतला जलाया तो जमकर रोष भी जताया। यूनियन अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी के नेतृत्व में किसान पंचायत भवन के समक्ष एकत्रित हुए, जहां से प्रतिनिधिमंडल के पुतले को अर्थी के रूप में लेकर पैदल मार्च निकालते हुए जिला सचिवालय परिसर में उपायुक्त कार्यालय के समक्ष पहुंचे। किसानों ने इस दौरान जमकर नारेबाजी की तो पुतला भी जलाया। किसानों ने प्रतिनिधिमंडल वापस जाओ के नारे भी लगाए